एक ही दिन उठी तिन अर्थियां गमजदा हुवा माहौल,गांव में पसरा सन्नाटा

सुसनेर। शुक्रवार रात इंदौर-कोटा राजमार्ग पर खनोटा जोड के समीप हुए सड़क हादसे में ग्राम गणेशपुरा के स्व सहायता समूह की महिला व समूह से जुडकर काम करने वाले एक युवक की मृत्यु हो गई थी। जिनका अंतिम संस्कार आज गांव गणेशपुरा में किया गया। यहां हजारो की संख्या में लोगो ने शवयात्रा में शामिल होकर दिवंगतो को श्रृद्धांजली अर्पित की। वही इस हादसे में घायल हुई एक और महिला की उज्जैन ले जाते समय मृत्य हो गई है।शाम को उक्त महिला का अंतिम संस्कार भी किया गया।एक ही गांव,एक ही दिन में तिन अर्थियो से माहौल गमगीन हो गया।दुर्घटना में एक साथ एक ही गांव के तीन लोगो की मृत्यु हो जाने से ग्रामीण शोकजदा है।
गौरतलब रहे  कि शुक्रवार को आगर जिला मुख्यालय पर जिला प्रभारी मंत्री जयवर्धनसिंह के आतिथ्य में आयोजित स्व सहायता समूह के हितलाभ सम्मेलन में शामिल होकर देर शाम को पुन: गणेशपुरा लोट रहे थे।तभी सुसनेर से 7 किलोमीटर दूर ग्राम खनोटा के समीप समूह की महिलाओं से भरे  पिकप को सामने से आ रही टवेरा ने टक्कर मार दी थी।  शांतिबाई पति प्रभुलाल मालवीय और प्रेमशंकर पिता रामनारायण राठौर की मृत्यु हो गई थी। 8 अन्य महिलाएं व पुरूष घायलो को जिला अस्पताल व उज्जैन रैफर किया गया था। जिसमें से देवबाई पति रामचन्द्र राठौर की भी मौत हो गई है। शनिवार की सुबह दोनो मृतको का पीएम सुसनेर के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में पुलिस की मौजूदगी में किया गया। उसके बाद शव को परिजनों के सुपूर्द किया गया। गांव गणेशपुरा में एक साथ जब दोनो की शवशात्रा निकली तो क्या बच्चा और क्या बुजुर्ग सभी ने अत्येंष्टी में शामिल होकर मृतआत्माओं को श्रृद्धांजली दी।शाम को जब देवबाई का अंतिम संस्कार हुवा तो पूरा गांव गमजदा होकर सन्नाटे के आगोश में समा गया।